सबसे बड़ी ई कॉमर्स साईट “अलीबाबा” ग्रुप के फाउंडर जैक मा | Jack Ma Alibaba Story

Jack Ma Alibaba Story

हम सभी ये जानते है की सफलता – असफलता हमारे जीवन का एक हिस्सा है, यह हमारे ऊपर निर्भर करता है की हम उन असफलताओं से निराश होते है या उनसे कुछ सीखते हुए आगे बढ़ते है। लेकिन क्या आप विश्वास कर सकते है की जो इंसान एक साधारण सी नौकरी पाने के लिए भी लगभग कई बार रिजेक्ट हुआ हो वो आज अपने देश का सबसे अमीर व्यक्ति बन सकता है जी हां दोस्तों ये बिलकुल सच है सच्ची मेहनत और लगन के साथ सब कुछ किया जा सकता है।

ये कर दिखाया है जैक मा ने ये वही जैक मा है जिन्होंने चीन की सबसे बड़ी ई कॉमर्स साईट “अलीबाबा” का निर्माण किया है। जैक अलीबाबा ग्रुप के फाउंडर है,आइये जानते है जैक की कहानी को करीब से…….
Jack Ma Alibaba Story

सबसे बड़ी ई कॉमर्स साईट “अलीबाबा” ग्रुप के फाउंडर जैक मा – Jack Ma Alibaba Story

जैक का जन्म 10 सितम्बर 1964 को चीन के जेजिआंग प्रान्त के एक बहुत ही छोटे गाँव ह्न्हाजु में हुआ था। जैक के परिवार की आर्थिक स्थिति बहुत ही ख़राब थी। जैक एक बहुत ही साधारण से परिवार से थे, उनके माता पिता पारंपरिक नाटकों और प्रसिद्द कहानियों को सुनाने का कम करते थे, यही एक मात्र साधन था उनके परिवार की आजीविका का।

जैक ने जेंगयिंग नाम की लड़की से शादी की। उनका एक बेटा और एक बेटी है। जैक और उनकी पत्नी एक ही यूनिवर्सिटी में पढ़ते थे। उन्होंने स्नातक की शिक्षा साथ ही प्राप्त की, जिसके बाद उन्होंने 1980 में शादी कर ली।

Loading...

जैक को बचपन से ही इंग्लिश बोलने और सिखने का बहुत शौक था। 60 के दशक में चीन में इंग्लिश भाषा का बिलकुल महत्त्व नहीं था। लेकिन जैक कैसे भी कर के इंग्लिश बोलना और सीखना चाहते थे, इसलिए 13 वर्ष की उम्र में उन्होंने चीन में विदेशों से आने वाले पर्यटकों की मदद लेना शुरू कर दी, वे पर्यटकों से अपनी टूटी – फूटी इंग्लिश में बात करने की कोशिश करते इसके लिए वे उन्हें चीन के पर्यटन स्थलों की जानकारी देते। उन्होंने 9 सालों तक ये काम किया।इस तरह जैक एक टूरिस्ट गाइड बन गये। धीरे – धीरे उनकी इंग्लिश में सुधर होने लगा।

जैक मा का करियर – Jack Ma Career

जैक के करियर कि शुरुआत काफी चुनौती पूर्ण रही,जैक ने अपने करियर की शुरुआत में पुलिस की नौकरी के लिए भी आवेदन किया। लेकिन उन्हें यहाँ से निराश होना पढ़ा। बतौर जैक नौकरी के लिए उन्होंने लगभग 30 अलग अलग जगह से निराश होना पढ़ा।

1995 की शुरआत में वे अपने दोस्तों की मदद से अमेरिका गये जहा उन्होंने पहली बार इन्टरनेट देखा। जैक मा ने इससे पहले कभी इन्टरनेट नही चलाया था, उन्होंने जब पहली बार इन्टरनेट चलाया तो उन्होंने “Beer” शब्द खोजा। उन्हें Beer से संबधित कई जानकारी अलग अलग देशो से प्राप्त हुयी लेकिन वो ये देखकर चौक गये कि उस सर्च में चीन का नाम कही नही था। अगले बार उन्होंने चीन के बारे में सामान्य जानकारी ढूंढने की कोशिश की लेकिन फिर वो चौक गये कि चीन को कोई जानकारी इन्टनेट पर उपलब्ध नही थी।

अपने देश की जानकारी इंटरनेट पर ना होने से जैक बहुत दुखी हुए क्योंकि इससे उन्हें लगा कि चीन तकनीकी क्षेत्र में अन्य देशो से काफी पीछे है और वो आगे बढना ही नही चाहता है। इसी वजह से उन्होंने अपने मित्र के साथ मिलकर चीन की जानकारी देने वाली पहली वेबसाइट “ugly” बनाई।

तब जैक मा को एहसास हुआ कि इन्टरनेट से बहुत कुछ किया जा सकता है। 1995 में जैक, और दोस्तों ने मिलकर 20,000 डॉलर इकट्ठे किये और एक कम्पनी की शुरुवात की। इस कम्पनी का मुख्य काम दुसरी कंपनियों के लिए वेबसाइट बनाना था। उन्होंने अपनी कम्पनी का नाम “China Yellow Pages” रखा था।

तीन साल के अंदर उनकी कम्पनी ने 8 लाख डॉलर कमाए। अब जैक ने अपने अमेरिका के एक मित्र की मदद से चीनी कंपनियों ले लिए भी वेबसाइट बनाना शूरू कर दिया। जैक ने पहली बार 33 वर्ष की उम्र में अपना पहला कंप्यूटर खरीदा था।

1998 से 1999 में जैक मा ने China International Electronic Commerce Center द्वारा स्थापित एक IT कम्पनी की अध्यक्षता का कार्य किया। 1999 में उन्होंने वहा से काम छोड़ दिया और हंजाऊ अपनी टीम के साथ लौट आये, जहाँ उन्होंने अपने 17 दोस्तों के साथ मिलकर एक अपने घर से चीन की पहली B2B वेबसाइट अलीबाबा की स्थापना की।

उन्होंने अलीबाबा के द्वारा एक इतिहास रच दिया जो उन्होंने 5 लाख युवान से शूरु की और जिसके 79 मिलियन सदस्य 240 से ज्यादा देशो में फैले हुए है। अक्टूबर 1999 और जनवरी 2000 में अलीबाबा ने दो बार 25 मिलियन डॉलर का international venture capital investment जीता था। अपने इस प्रोग्राम से वो अपने देश के e-commerce मार्किट में सुधार लाना चाहते थे जो छोटे और मध्यमवर्गीय व्यवसायों को विश्व स्तर पर लेकर जाए।

Global e-commerce system को सुधारन के लिए 2003 में जैक मा ने Taobao Marketplace की स्थापना की, जिसके बढ़ते प्रभाव को देखते हुए eBay ने इसे खरीदने का ऑफर दिया। जैक मा ने eBay का प्रस्ताव ठुकरा दिया और इसकी बजाय उसने याहू के को-फाउंडर जेरी से 1 बिलियन डॉलर की सहायता ली।

सितम्बर 2014 के आंकड़ो के अनुसार अलीबाबा ने New York Stock Exchange में 25 बिलियन डॉलर की कम्पनी खडी कर दी। अलीबाबा इस राशि के साथ विश्व की सबसे प्रख्यात टेक कम्पनियों में गिनी जाने लगी। जैक मा वर्तमान में अलीबाबा ग्रुप के कार्यकारी अध्यक्ष है जिनकी दससहायक कंपनिया Alibaba।com, Taobao Marketplace, Tmall, eTao, Alibaba Cloud Computing, Juhuasuan, 1688।com, AliExpress।com and Alipay कार्यरत है । नवम्बर 2012 में अलीबाबा का ऑनलाइन लेनदेन 1 ट्रिलियन युआन से भी आगे बढ़ गया ।

जैक को मिले सम्मान एवं पुरस्कार – Jack Ma Awards

  • 2004 – चाइना सेन्ट्रल टेलीविसन द्वारा Top 10 Business Leaders of the Year चुना गया।
  • 2005 – वर्ल्ड इकनोमिक फोरम द्वारा यंग ग्लोबल लीडर चुना गया और फार्च्यून पत्रिका ने जैक को 25 मोस्ट पॉवरफुल बिजनेस पीपल इन एशिया में स्थान दिया गया।
  • 2007 – बिज़नस वीक में बिजनेस परसों ऑफ़ द ईयर का अवार्ड दिया गया।
  • 2008 – 30 World’s Best CEOs की सूची मे शामिल किया गया।
  • 2010 – फ़ोर्ब्स एशिया द्वारा प्राकुतिक आपदा प्रबंधन और गरीबी उन्मूलन जैसे कार्यो के लिए Asia’s Heroes of Philanthropy में से एक चुना गया।
  • 2013 – हांग कांग यूनिवर्सिटी ऑफ़ साइंस एंड टेक्नोलॉजी द्वारा डॉक्टरेट की उपाधि दी गयी।
  • 2015 – The Asian Awards में Entrepreneur of the Year से नवाजा गया।
जैक मा के बारे में कुछ रोचक तथ्य – Interesting Facts about Jack Ma
  • उद्योग की दुनिया की मशहूर मैगजीन “फार्च्यून” ने जैक को दुनिया के 50 महान लीडर्स की सूचि में दुसरे स्थान का दर्जा दिया है।
  • एक रिपोर्ट के मुताबिक अगस्त 2017 में जैक की संपत्ति करीब 36।4 बिलियन अमेरिकी डॉलर आंकी गई।
  • जैक मा चीन के अमीर व्यक्तियों की सूचि में शीर्ष पर है, अर्थात पहले स्थान पर है, और वे दुनिया के अमीर व्यक्तियों की सूचि में 18 वे नंबर पर है।
  • स्कूल के दौरान जैक को विद्यार्थी परिषद् का अघ्यक्ष चुना गया।
  • जैक समय समय पर युवा पीढ़ी को बिजनेस सम्बन्धी बाते भी शेयर करते रहते है।
  • जैक को 2014 में फ़ोर्ब्स द्वारा विश्व के पशक्तिशाली व्यक्तियों की सूची में 30वा स्थान दिया गया।
  • जैक को अपना नाम उनके एक विदेशी पर्यटक मित्र द्वारा दिया गया था।
  • जैक को 2009 में टाइम मैगज़ीन द्विश्व के “100 सबसे प्रभावशाली व्यक्तियों” की सूची में शामिल किया।
  • इसी साल उन्हें फ़ोर्ब्स चीन की तरफ से Top 10 Most Respected Entrepreneurs in China चुना गया।

दुनिया में जो लोग खुद के दम पर कुछ करना चाहते है उन्हें निश्चित ही यह कहानी प्रेरित करेगी। विश्वभर के उद्योगपतियों एवं व्यवसायियों के लिए जैक एक बहुत ही प्रभावशाली व्यक्ति है, साथ ही जैक की कहानी हम सभी के लिए भी एक प्रेरणा है।

Read More Inspirational Stories:

Hope you find this post about ”Jack Ma Alibaba Story In Hindi” inspiring. if you like this Article please share on Facebook & Whatsapp. and for latest update download: Gyani Pandit free Android app.

1 COMMENT

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here